यूएई ने संयुक्त राष्ट्र में दृढ़ संकल्प लोगों को सशक्त बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई 


न्यूयार्क, 13 जून, 2019 (डब्ल्यूएएम) - यूएई ने दृढ़ संकल्प लाेगाें (विकलांग व्यक्ति) के अधिकार सशक्त बनाने, रक्षा करने और राष्ट्रीय विकास प्रक्रिया में उन सबकी एकीकरण सुनिश्चित करने के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। सामुदायिक विकास मंत्री और यूएई प्रतिनिधिमंडल की प्रमुख हेसा एसा बुहुमेद ने विकलांग व्यक्तियों के अधिकारों पर आयाेजित 12 वें सम्मेलन में सामान्य बहस के दौरान यूएई की ओर से यह बयान दिया, विकलांगाें के अधिकार बनाए रखने में यूएई की सफल काेशिश साझा की। मंत्री बहुमैद ने कहा कि यूएई के संस्थापक पिता और यूएई के पहले राष्ट्रपति दिवंगत शेख जायद बिन सुल्तान अल नाहयान के पास गतिशील व विविध राष्ट्र दृष्टि थी, जो सभी लोगों को गले लगाती है और सभी को सफल होने के वास्तविक अवसर प्रदान करती है। उनकी दृष्टि और हमारी प्रतिबद्धता के आधार पर 2030 के सतत विकास एजेंडे को हासिल करने के लिए यूएई विकलांग व्यक्तियों को शामिल करने काे प्राथमिकता देता है, उन सबकी चाहत हासिल करने और समाज में पूरी तरह से भाग लेने के लिए सक्षम व सशक्त बनाने पर ध्यान केंद्रित करता है। बहुमेद ने हाल ही में यूएई में दृढ़ संकल्प के लोगों के सामने आने वाली चुनौतियों का सामना करने और जीवन की गुणवत्ता में सुधार लाने के उद्देश्य से हाल में की गई काेशिश साझा की। विकलांग व्यक्तियों और विभिन्न संस्थाओं के निर्णयकर्ता के समूह काे मिलाकर दृढ़ संकल्प लोगों की सेवा के लिए नई बनाई गई उच्च समिति के लिए विभिन्न क्षेत्रों में विकलांग व्यक्तियों द्वारा सामना की जाने वाली वर्तमान चुनौतियों की जांच करने, सेवाओं की व्यापक कवरेज व उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए समाधान खाेजना अनिवार्य है। उन्होंने विकलांगता के लिए हाल में अपनाए गए राष्ट्रीय मानक वर्गीकरण के साथ ही यूएई की यूनिवर्सल डिजाइन कोड काे रेखांकित किया, जिसका लक्ष्य सेवा वितरण और कार्यक्रम डिजाइन के जरिये जीवन के सभी पहलुओं में पूरी तरह भाग लेने के लिए दृढ़ संकल्प लोगों के जीवन की गुणवत्ता में सुधार करना है। इसके अलावा उन्हाेंने अबू धाबी में हुए 2019 विशेष ओलंपिक विश्व खेलों का हवाला दिया। इस खेल ने 200 से अधिक देशों के 7000 बौद्धिक अक्षमताओं वाले एथलीटों क्षमताओं और उपलब्धियों पर प्रकाश डाला, इस आयोजन के सभी पहलुओं में हितधारकों को शामिल करके एकता और समावेश की भावना को मूर्त रूप दिया। मंत्री बुहुमैद ने यह बात कहते हुए अपनी बात खत्म की कि हम अपने बुद्धिमान नेतृत्व के नक्शेकदम पर चलने के लिए आश्वस्त और दृढ़ हैं, जिन्होंने अपने सभी नागरिकों सहित विकलांग व्यक्तियाें के लिए सामंजस्यपूर्ण और समावेशी समाज बनाने में मुख्य सिद्धांत निर्धारित किए तथा सहिष्णुता मूल्यों व सभी की स्वीकृति के मूल्यों को बढ़ाया। अनुवादः वैद्यनाथ झा http://wam.ae/en/details/1395302767539

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