दुबई, 17 जनवरी, 2024 (डब्ल्यूएएम) -- राज्य मंत्री नूरा अल काबी ने यूएई में स्लोवेनिया के दूतावास और दुबई में फिकर इंस्टीट्यूट और फिकर लाइब्रेरी द्वारा आयोजित कूटनीति में महिलाओं पर एक चर्चा में भाग लिया। सत्र में कई राजदूतों और राजनयिक प्रतिनिधियों की उपस्थिति देखी गई।
चर्चा में कूटनीति में महिलाओं की भागीदारी के साथ विदेश नीति प्रबंधन और राजनयिक क्षेत्र में लैंगिक समानता को मजबूत करने के तरीकों पर चर्चा की गई। प्रतिभागियों ने इस क्षेत्र में महिलाओं के काम के दायरे का पता लगाया और इस क्षेत्र में अपने मिशन के माध्यम से प्राप्त अंतर्दृष्टि और अनुभवों का आदान-प्रदान किया।
अपने शुरुआती स्पीच में अल काबी ने इस बात पर प्रकाश डाला कि अमीराती महिलाओं की व्यापक और विशिष्ट उपलब्धियां यूएई के उस दृष्टिकोण का व्यावहारिक प्रतिबिंब हैं, जो पहले स्वर्गीय शेख जायद बिन सुल्तान अल नहयान और शेख खलीफा बिन जायद अल नहयान के तहत सामने आया था। राष्ट्रपति हिज हाइनेस शेख मोहम्मद बिन जायद अल नहयान ने इस विरासत को जारी रखा है, जिसने सभी क्षेत्रों और क्षेत्रों में महिलाओं की भूमिकाओं को मजबूत करने में योगदान दिया है।
मंत्री अल काबी ने यूएई के व्यापक विकास में प्रमुख भागीदार के रूप में महिलाओं का सहयोग करने में जनरल वुमन यूनियन (GWU) की अध्यक्ष, सुप्रीम काउन्सिल फॉर मदरहूड एंड चाइल्डहूड की अध्यक्ष व फैमिली डेवलपमेन्ट फाउन्डेशन (FDF) की अध्यक्ष "मदर ऑफ द नेशन" हर हाइनेस शेखा फातिमा बिन्त मुबारक की महत्वपूर्ण भूमिका की प्रशंसा की।
इसके अलावा उन्होंने विभिन्न स्तरों पर कूटनीति में महिलाओं के प्रभाव के महत्व और अंतरराष्ट्रीय राजनयिक प्रणाली को आकार देने और समर्थन करने में उनकी भूमिका के साथ वैश्विक राजनयिक कार्रवाई का नेतृत्व करने में उनके बहुमूल्य योगदान पर जोर दिया।
मंत्री अल काबी ने राजनयिक कार्रवाई के क्षेत्र में अमीराती महिलाओं की विशिष्ट स्थिति पर भी जोर दिया, जो महिलाओं को सशक्त बनाने और निर्णय लेने में उनकी भूमिका का सहयोग करने के लिए यूएई की उत्सुकता को दर्शाता है।
उन्होंने राजनयिक क्षेत्र में महिलाओं को सशक्त बनाने और उनकी योग्यताओं में निवेश करने के लिए अंतरराष्ट्रीय समुदाय के साथ काम करने और सहयोग करने की यूएई की उत्सुकता की पुष्टि की, जो दुनिया के सतत विकास में उनकी भूमिका को बढ़ाती है और प्रगति व समृद्धि के लिए महिलाओं की आकांक्षाओं को प्राप्त करती है।
चर्चा में यूएई के कई राजदूतों की भागीदारी देखी गई।
अनुवाद - पी मिश्र.